'अच्छाई' अलट-पलट कर वापस आती है!!
ब्रिटेन के स्कॉटलैंड में फ्लेमिंग नाम का एक गरीब किसान था। एक दिन वह अपने खेत पर काम कर रहा था। अचानक पास में से किसी के चीखने की आवाज सुनाई पड़ी । किसान ने अपना साजो सामान व औजार फेंका और तेजी से आवाज की तरफ लपका।
आवाज की दिशा में जाने पर उसने देखा कि एक बच्चा दलदल में फँस गया है । । वह बालक कमर तक कीचड़ में फंसा हुआ बाहर निकलने के लिए संघर्ष कर रहा था। वह डर के मारे बुरी तरह कांप पर रहा था और चिल्ला रहा था।
किसान ने आनन-फानन में पेड़ की एक लंबी टहनी निकाली। अपनी जान पर खेलकर उस टहनी के सहारे बच्चे को बाहर निकाला। अगले दिन उस किसान की छोटी सी झोपड़ी के सामने एक शानदार गाड़ी आकर खड़ी हुई।उसमें से कीमती वस्त्र पहने हुए एक सज्जन उतरे
उन्होंने किसान को अपना परिचय देते हुए कहा- "मैं उस बालक का पिता हूं और मेरा नाम राँडॉल्फ चर्चिल है।"
फिर उस अमीर राँडाल्फ चर्चिल ने कहा कि वह आपके द्वारा मेरे बच्चे को बचाने के अहसान का बदला चुकाने आए हैं ।
फ्लेमिंग नामक उस किसान ने उन सज्जन को ऊपर से नीचे देखा और उसके ऑफर को ठुकरा दिया ।
उसने कहा, "मैंने जो कुछ किया उसके बदले में कोई पैसा नहीं लूंगा। किसी को बचाना मेरा कर्तव्य है, मानवता है , इंसानियत है और उस मानवता-इंसानियत का कोई मोल नहीं होता ।"
इसी बीच फ्लेमिंग का बेटा झोपड़ी के दरवाजे पर आया।
उस अमीर सज्जन की नजर अचानक वहाँ गई तो उसे एक विचार सूझा।
उसने पूछा - "क्या यह आपका बेटा है ?"
किसान ने गर्व से कहा- "हां !"
उस व्यक्ति ने अब नए सिरे से बात शुरू करते हुए किसान से कहा- "ठीक है अगर आपको मेरी कीमत मंजूर नहीं है तो ऐसा करते हैं कि आपके बेटे की शिक्षा का भार मैं अपने ऊपर लेता हूं । मैं उसे उसी स्तर की शिक्षा दिलवाने की व्यवस्था करूंगा जो अपने बेटे को दिलवा रहा हूं। फिर आपका बेटा आगे चलकर एक ऐसा इंसान बनेगा , जिस पर हम दोनों गर्व महसूस करेंगे।"
किसान ने सोचा, "मैं अपने पुत्र को उतनी उच्च शिक्षा दिला पाऊंगा या नहीं और ना ही इतनी सारी सुविधाएं जुटा पाऊंगा, जिससे कि यह बड़ा आदमी बन सके । अतः इस प्रस्ताव को स्वीकार कर लेना श्रेयस्कर है।"
बच्चे के भविष्य की खातिर फ्लेमिंग तैयार हो गया ।अब फ्लेमिंग के बेटे को सर्वश्रेष्ठ स्कूल में पढ़ने का मौका मिला। आगे बढ़ते हुए उसने लंदन के प्रतिष्ठित सेंट मेरीज मेडिकल स्कूल से स्नातक डिग्री हासिल की।
फिर किसान का यही बेटा पूरी दुनिया में "पेनसिलिन" का आविष्कारक महान वैज्ञानिक सर अलेक्जेंडर फ्लेमिंग के नाम से विख्यात हुआ।
यह कहानी यहीं खत्म नहीं होती! कुछ वर्षों बाद, उस अमीर के बेटे को निमोनिया हो गया,
और उसकी जान पेनसिलीन के इंजेक्शन से ही बची।
उस अमीर राँडाल्फ चर्चिल के बेटे का नाम था- विंस्टन चर्चिल , जो दो बार ब्रिटेन के प्रधानमंत्री रहे !
हैं न आश्चर्यजनक संयोग...
इसलिए ही कहते हैं कि व्यक्ति को हमेशा अच्छे काम करते रहना चाहिए। अच्छा कार्य कहीं भी, कभी भी किया जा सकता है, और उसके लिए कोई भी मुहूर्त निकालने की जरूरत नहीं होती है क्योंकि हमारे द्वारा किया हुआ काम अंततः लौटकर हमारे ही पास आता है ! यानी 'अच्छाई' अलट-पलट कर वापस आती रहती है! सच में मानवता की दिशा में उठाया गया प्रत्येक कदम हमारी स्वयं की चिंताओं को कम करने में मील का पत्थर साबित होगा।
आज कोई नेक काम जरूर करना जी। और विश्वास से कह सकता हूँ कि उसका कई गुणा लाभ हमको वापस अवश्य मिलेगा...
सुप्रभातम!!
Saturday, August 22, 2020
'अच्छाई' अलट-पलट कर वापस आती है!!
वैदिक घड़ी देखिये आपकी घड़ी क्या कहती है
वैदिक घड़ी
देखिये आपकी घड़ी क्या कहती है
◆ 12:00 बजने के स्थान पर आदित्या: लिखा हुआ है, जिसका अर्थ यह है कि सूर्य 12 प्रकार के होते हैं...।
अंशुमान, अर्यमन, इंद्र, त्वष्टा, धातु, पर्जन्य, पूषा, भग, मित्र, वरुण, विवस्वान और विष्णु...।
◆ 1:00 बजने के स्थान पर ब्रह्म लिखा हुआ है, इसका अर्थ यह है कि ब्रह्म एक ही प्रकार का होता है।
एको ब्रह्म द्वितीयो नास्ति...।
◆ 2:00 बजने की स्थान पर अश्विनौ लिखा हुआ है जिसका तात्पर्य यह है कि अश्विनी कुमार दो हैं।
◆ 3:00 बजने के स्थान पर त्रिगुणा: लिखा हुआ है, जिसका तात्पर्य यह है कि गुण तीन प्रकार के हैं।
सतोगुण, रजोगुण और तमोगुण।
◆ 4:00 बजने के स्थान पर चतुर्वेदा: लिखा हुआ है, जिसका तात्पर्य यह है कि वेद चार प्रकार के होते हैं।
ऋग्वेद, यजुर्वेद, सामवेद और अथर्ववेद।
◆ 5:00 बजने के स्थान पर पंचप्राणा: लिखा हुआ है, जिसका तात्पर्य है कि प्राण पांच प्रकार के होते हैं।
अपान, समान, प्राण, उदान और व्यान
◆ 6:00 बजने के स्थान पर षड्र्सा: लिखा हुआ है, इसका तात्पर्य है कि रस 6 प्रकार के होते हैं।
मधुर, अमल, लवण, कटु, तिक्त और कसाय
◆ 7:00 बजे के स्थान पर सप्तर्षय: लिखा हुआ है इसका तात्पर्य है कि सप्त ऋषि 7 हुए हैं।
कश्यप, अत्रि, भारद्वाज, विश्वामित्र, गौतम, जमदग्नि और वशिष्ठ
◆ 8:00 बजने के स्थान पर अष्ट सिद्धिय: लिखा हुआ है इसका तात्पर्य है कि सिद्धियां आठ प्रकार की होती है।
अणिमा, महिमा, लघिमा, गरिमा, प्राप्ति, प्राकाम्य, इशित्व और वशित्व
◆ 9:00 बजने के स्थान पर नव द्रव्यणि अभियान लिखा हुआ है इसका तात्पर्य है कि 9 प्रकार की निधियां होती हैं।
पद्म, महापद्म, नील, शंख, मुकुंद, नंद, मकर, कच्छप, खर्व
◆ 10:00 बजने के स्थान पर दशदिशः लिखा हुआ है, इसका तात्पर्य है कि दिशाएं 10 होती है।
पूर्व, पश्चिम, उत्तर, दक्षिण, ईशान, नैऋत्य, वायव्य, आग्नेय, आकाश, पाताल
◆ 11:00 बजने के स्थान पर रुद्रा: लिखा हुआ है, इसका तात्पर्य है कि रुद्र 11 प्रकार के हुए हैं।
कपाली, पिंगल, भीम, विरुपाक्ष, विलोहित, शास्ता, अजपाद, अहिर्बुध्न्य, शम्भु, चण्ड और भव
सनातन धर्म मे प्रत्येक वस्तु कुछ न कुछ अवश्य सिखाती है...😊
सत्य सनातन धर्म की जय
🙏🕉️
jealousy or revenge
"When people talk about the shortcomings of others with the intention to create a bad image of them or to create cleaveges between p...
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स्वर्ण भस्म (Gold Ash) स्वर्णप्राशन ( Suvarna Prashana ) कैसे बनती है आयुर्वेदिक गुण और कर्म स्वर्ण भस्म को आयुर्वेद में हजारों सालों से ...
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1. As you age, your eye color gets lighter. 2. There are 206 bones in the adult human body, but 300 in children (some of the bones fuse tog...
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1: Number of Bones- 206 2: Number of Muscles- 639 3: Number of Kidneys- 2 4: Number of Milk Teeth 20 5: Number of Ribs 24 (12 pair) 6: Numbe...